Shoking news: इस बच्चे के संपर्क में आते ही मोबाइल फोन हो जाता है रिसेट‚ पास बैठाने से भी डरते हैं लोग

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Shoking news: इस बच्चे के संपर्क में आते ही मोबाइल फोन हो जाता है रिसेट‚ पास बैठाने से भी डरते हैं लोग

पलवल. डिजिटल दौर में मोबाइल डेटा सुरक्षित रखना बेहद अहम है. जरा सकी चूक होने पर कोई भी आपकी पर्सनल जानकारी चुराकर हानि पहुंचा सकता है. लेकिन क्या हो तब‚ जब किसी के हाथ में या उसके संपर्क में मोबाइल फोन जाते ही फोन का डेटा पूरी तरह से साफ हो जाये। चौंकिए मतǃ क्योंकि ऐसा ही एक वाक्या 9वीं कक्षा में पढ़ने वाले 14 वर्षीय छात्र के साथ हो रहा है.

Shoking news: इस बच्चे के संपर्क में आते ही मोबाइल फोन हो जाता है रिसेट‚ पास बैठाने से भी डरते हैं लोग
अस्तित्व

उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ जनपद के गांव जट्टारी के रहने वाले इस बच्चे के हाथ में मोबाइल फोन आते ही उसका सारा डेटा उड़ जाता है. इस बच्चे का नाम अस्तित्व है. जिसकी चर्चा पूरे जिले में हो रही है. अस्तित्व के पिता गौरव अग्रवाल ने जानकारी देते हुए बताया कि पहली बार मई महीने से अस्तिव के साथ ऐसा होना शुरू हुआ. घर के सभी मोबाइल फोन का डेटा अपने आप उड़ने लगा.

घटना के बाद वे अपने फोन को लेकर सर्विस सेंटर लेकर पहुंचे और फोन से डेटा उड़ने के कारणों का पता लगाने की बात कही. लाख प्रयास करने के बाद भी सर्विस सेंटर पर इसका कोई कारण नहीं मिल सका. बच्चे के पिता गौरव अग्रवाल का कहना है कि जब भी अस्तित्व फोन हाथ में लेता है, उसके मोबाइल का डेटा उड़ जाता है. मामले को लेकर वे परेशान हैं.

ऐसे हुआ खुलासा

Shoking news: इस बच्चे के संपर्क में आते ही मोबाइल फोन हो जाता है रिसेट‚ पास बैठाने से भी डरते हैं लोग

गौरव अग्रवाल ने बताया कि पिछले महीने उनकी पत्नी बच्चों को लेकर रक्षाबंधन मनाने अपने मायके गई थी. उस दौरान उनके मोबाइल फोन का डेटा नहीं उड़ा. लेकिन पत्नी के उसके पीहर के सभी लोगों के मोबाइल का डेटा उड़ गया. गौरव ने बताया कि तब जाकर उन्हें पता चला कि उनके बेटे के शरीर के संपर्क में आने से मोबाइल का डेटा अपने आप उड़ जा रहा है.

भविष्य को लेकर चिंतित
गौरव के पिता का कहना है कि घर में मोबाइल रखना भी दूभर हो गया है. अब वो बेटे के भविष्य को लेकर परेशान हैं. बेटे के संपर्क में आने कुछ देर बाद ही किसी के भी मोबाइल फोन का डेटा अपने आप उड़ जाता है. उन्होंने कहा यह बीमारी आगे चलकर उनके बच्चे के भविष्य पर भी प्रश्नचिन्ह लगा सकती है. गौरव कहते हैं कि बेटे के भविष्य को लेकर भी हम बेहद चितिंत हैं. लोग बेटे को अपने पास बैठाने से कतराने लगे हैं.

डॉक्टर भी नहीं पता कर पा रहे बिमारी
अस्तित्व का कहना है कि उसे खुद अपने शरीर में किसी भी प्रकार का कोई बदलाव महसूस नही हुआ है. वो नही जानता कि उसके संपर्क में आते ही मोबाइल के डेटा अपने आप गायब क्यों हो जाते हैं. इस परेशानी की वजह से वो कोरोना काल के दौरान पढ़ाई भी ठीक ढंग से नहीं कर पाया. उसकी क्लास ऑनलाइन लग रही थी और मोबाइल फोन के उसके संपर्क में आने से रिसेट होने से वह ऑनलाइन क्लास नहीं ले पा रहा था. परिजनों के मुताबिक, उन्होंने अस्तित्व को डॉक्टरों से भी दिखाया लेकिन वो भी इसके बारे कुछ नहीं बता पाए.