मनोरंजन

स्मृति मंधाना से शादी टलने के बाद पलाश मुछाल की पहली पब्लिक अपीयरेंस: मायूस दिखे पलाश, सोशल मीडिया पर 'चीटिंग' और 'सीरत' पर बहस

रवि चौहान दिसम्बर 1, 2025 0
स्मृति से शादी टलने के बाद पहली बार दिखे पलाश
स्मृति से शादी टलने के बाद पहली बार दिखे पलाश

शादी टलने के बाद पलाश मुछाल की पहली पब्लिक अपीयरेंस: मायूस चेहरे और झुकी नज़रें, सोशल मीडिया पर 'सीरत' और 'धोखे' के आरोपों पर तीखी बहस – स्मृति मंधाना विवाद का विस्तृत विश्लेषण 

 

भारतीय महिला क्रिकेट टीम की स्टार ओपनर स्मृति मंधाना और जाने-माने फिल्ममेकर-म्यूजिक कंपोजर पलाश मुछाल की बहुचर्चित शादी टलने के बाद अब यह मामला एक सार्वजनिक विवाद का रूप ले चुका है। 23 नवंबर को महाराष्ट्र के सांगली में होने वाली यह हाई-प्रोफाइल शादी, ऐन मौके पर स्मृति के पिता श्रीनिवास मंधाना की तबीयत खराब होने के कारण स्थगित कर दी गई थी। हालांकि, शादी टलने के बाद सोशल मीडिया पर मचे बवाल और अफवाहों के बीच, पलाश मुछाल ने पहली बार पब्लिक अपीयरेंस दी है, जिसने इस पूरे मामले को और भी अधिक चर्चा में ला दिया है।

पलाश मुछाल हाल ही में अपने माता-पिता के साथ एयरपोर्ट पर दिखाई दिए। इस दौरान उनके हाव-भाव और शारीरिक भाषा (बॉडी लैंग्वेज) ने सोशल मीडिया यूजर्स को उन्हें जज करने का मौका दे दिया। पलाश जहाँ काफी सीरियस और मायूस नजर आ रहे थे, वहीं उनकी नज़रें लगातार नीची थीं और उन्होंने पैपराजी के अभिवादन का भी कोई जवाब नहीं दिया। इसके विपरीत, उनकी मां मुस्कुराती दिखीं।

पलाश का यह 'गिल्टी बिहेवियर' (दोषी व्यवहार) सोशल मीडिया पर उनकी और स्मृति मंधाना के निजी जीवन को लेकर चल रही गंभीर अफवाहों के संदर्भ में देखा जा रहा है। शादी टलने के तुरंत बाद स्मृति द्वारा इंस्टाग्राम से रस्मों की तस्वीरें हटा देना और पलाश पर 'धोखाधड़ी' (चीटिंग) के कथित आरोप लगना इस विवाद की मुख्य वजह हैं। उनके रिश्ते में आए इस अप्रत्याशित मोड़ ने न केवल उनके फैंस को स्तब्ध कर दिया है, बल्कि पलाश को सोशल मीडिया पर तीखी आलोचना का भी सामना करना पड़ रहा है।

यह विस्तृत आलेख शादी टलने के बाद की पूरी घटना, पलाश मुछाल की एयरपोर्ट अपीयरेंस का सूक्ष्म विश्लेषण, सोशल मीडिया पर उनके हाव-भाव पर यूजर्स के तीखे और विरोधाभासी कमेंट्स ('सीरत खराब', 'गिल्टी बिहेवियर' बनाम 'हेट' और 'सपोर्ट'), रिश्ते को लेकर उड़ी अफवाहें (चीटिंग का आरोप), स्मृति द्वारा तस्वीरों का डिलीट होना, और पलाश के परिवार (कजन नीति टाक) द्वारा दिए गए भावनात्मक बचाव और माफी न मांगने की अपील के संदर्भ में 5000 शब्दों में गहन मूल्यांकन प्रस्तुत करता है।


 

1. 💔 शादी का अप्रत्याशित स्थगन और अफवाहों का बाजार

 

स्मृति मंधाना और पलाश मुछाल की शादी भारतीय खेल और मनोरंजन जगत के लिए एक बड़ा इवेंट मानी जा रही थी, लेकिन अंतिम क्षणों में सब कुछ बदल गया।

 

1.1. हल्दी-मेहंदी के बाद स्थगन

 

  • तारीख और स्थान: 23 नवंबर को महाराष्ट्र के सांगली में दोनों शादी के बंधन में बंधने वाले थे।

  • रस्में पूरी: शादी से पहले हल्दी और मेहंदी की रस्में भी पूरी हो चुकी थीं। सोशल मीडिया पर पलाश, स्मृति, उनकी बहन पलक मुछाल और जीजा मिथुन के साथ पोज देती हुई तस्वीरें भी वायरल हुई थीं।

  • स्थगन का कारण: शादी वाले दिन, स्मृति के पिता श्रीनिवास मंधाना की तबीयत अचानक खराब होने के कारण शादी को स्थगित कर दिया गया। यह स्थगन पहला आधिकारिक कारण था।

 

1.2. अफवाहों को मिली हवा

 

शादी टलने के बाद घटनाक्रम ने अफवाहों को जन्म दिया:

  • तस्वीरें हटाना: स्थगन की खबर के तुरंत बाद, स्मृति मंधाना ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट से रस्मों की सारी फोटोज हटा दीं, जिससे सोशल मीडिया पर उनके निजी जीवन को लेकर कई अफवाहें फैलने लगीं।

  • कथित चीटिंग: पलाश पर सोशल मीडिया में कथित तौर पर स्मृति को चीट करने का गंभीर आरोप लगा, जिसके कारण यह माना गया कि शायद शादी स्थगन का कारण केवल स्वास्थ्य नहीं, बल्कि रिश्ते में आई कोई दरार है।

  • इंस्टाग्राम बायो का जवाब: हालांकि, इन अटकलों के बीच, दोनों ने अपने इंस्टाग्राम बायो को अपडेट किया और बुरी नजर से बचने के लिए एक नजर इमोजी भी जोड़ा, जिससे यह संदेश गया कि वे इन अफवाहों को बाहरी 'बुरी नजर' मान रहे हैं।


 

2. 🚶 पलाश मुछाल की पहली सार्वजनिक उपस्थिति: हाव-भाव का विश्लेषण

 

विवाद बढ़ने के बाद पलाश मुछाल ने पहली बार अपने पेरेंट्स के साथ एयरपोर्ट पर पब्लिक अपीयरेंस दी, जिसने लोगों को उनके आंतरिक संघर्ष को भाँपने का मौका दिया।

 

2.1. मायूसी और सीरियसनेस

 

  • शारीरिक भाषा: पलाश इस दौरान काफी सीरियस नजर आ रहे थे, जो उनकी मायूस मानसिक स्थिति को दर्शाता है।

  • झुकी नज़रें: उन्होंने लगातार अपनी नजरें नीची करके चलने की कोशिश की और सीधे पैपराजी या कैमरे से आँखें नहीं मिलाईं। यह व्यवहार अक्सर तब देखा जाता है जब व्यक्ति सार्वजनिक जांच और आलोचना से बचना चाहता है।

  • मौन: उन्होंने वहाँ मौजूद पैपराजी के अभिवादन का भी कोई जवाब नहीं दिया

 

2.2. परिवार के साथ अंतर

 

  • मां का व्यवहार: इसके विपरीत, उनकी मां मुस्कुराती दिखीं। यह अंतर दर्शाता है कि जहां पलाश सार्वजनिक दबाव महसूस कर रहे थे, वहीं उनके माता-पिता शायद स्थिति को अधिक संयम से संभाल रहे थे या मीडिया की आलोचना से अप्रभावित थे।

  • पारिवारिक संपर्क: पलाश बीच-बीच में अपनी मां से बात करते दिखे, जो इस मुश्किल दौर में परिवार के समर्थन को दिखाता है।


 

3. 📱 सोशल मीडिया का फैसला: 'सीरत खराब' बनाम 'हेट'

 

पलाश का वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया यूजर्स ने उनके हाव-भाव को लेकर तुरंत अपनी प्रतिक्रिया दी, जो दो ध्रुवों में बंटी हुई थी।

 

3.1. तीखी आलोचना और 'गिल्टी बिहेवियर' का आरोप

 

  • सीरत खराब: मेघा नाम की एक यूजर ने अत्यंत तीखे शब्दों का प्रयोग किया: "कहना तो नहीं चाहिए लेकिन इंसान की सीरत खराब हो तो वो बाहर से कितना बेकार लगता है। मंधाना इससे बेहतर डिजर्व करती है।" यह टिप्पणी पलाश पर लगे कथित चीटिंग के आरोपों के संदर्भ में थी, जो उनके आंतरिक चरित्र पर सीधा हमला था।

  • शर्मिंदगी: एक अन्य यूजर ने लिखा, "गिल्टी बिहेवियर। और उनकी चाल में शर्मिंदगी नजर आ रही है।" यूजर्स ने यह निष्कर्ष निकाला कि उनकी झुकी हुई नज़रें और मौन उनके अपराधबोध (Guilt) का प्रमाण हैं।

  • मीडिया कवरेज पर सवाल: कुछ यूजर्स ने मीडिया पर भी सवाल उठाए: "मुझे समझ नहीं आता कि मीडिया ऐसे लोगों को क्यों कवर करती है, जिनको सच में दिखाने की कोई जरूरत नहीं है।"

 

3.2. समर्थन और अफवाहों का खंडन

 

  • समर्थन: पलाश के पक्ष में भी कुछ कमेंट्स आए। एक यूजर ने सपोर्ट करते हुए लिखा, "इतनी हेट किसी बात के लिए, अभी कुछ प्रूव नहीं हुआ है। रूमर्स से लोग दूसरों को जज करने लग जाते हैं।"

  • निष्पक्षता की मांग: यह वर्ग मानता है कि केवल अफवाहों और सोशल मीडिया पर बनी राय के आधार पर किसी व्यक्ति को जज करना गलत है, खासकर जब मामले में कोई आधिकारिक पुष्टि न हुई हो।


 

4. 📜 कजन नीति टाक का भावनात्मक बचाव

 

सोशल मीडिया की आलोचना के बीच, पलाश मुछाल की कजन नीति टाक ने इंस्टाग्राम पर पोस्ट करके एक भावनात्मक बचाव प्रस्तुत किया, जिसमें मामले की संवेदनशीलता को उजागर किया गया।

 

4.1. अफवाहों को रोकने की अपील

 

  • स्वास्थ्य अपडेट: नीति टाक ने अफवाहों को सिरे से खारिज करते हुए स्पष्ट किया कि "स्मृति के पापा की तबीयत अब ठीक है, वो हॉस्पिटल से घर पर आ गए हैं।" उन्होंने शादी स्थगन के आधिकारिक कारण को मजबूत किया।

  • जल्द शादी का वादा: उन्होंने यह भी आश्वासन दिया कि "स्मृति और पलाश बहुत जल्द शादी करने वाले हैं।" उन्होंने अपने इंस्टाग्राम पर पलाश की मेहंदी और हल्दी की तस्वीरें भी शेयर की थीं।

 

4.2. पलाश की 'मुश्किल दौर'

 

  • भावनात्मक अपील: नीति ने स्पष्ट किया कि पलाश एक "बहुत मुश्किल दौर से गुजर रहा है।"

  • सच जाने बिना जज न करें: उन्होंने जनता से अपील की कि "आप सबको सच जाने बिना पलाश को गलत नहीं मानना चाहिए।"

  • टेक्नोलॉजी और अफवाहें: नीति ने टेक्नोलॉजी के नकारात्मक पहलू पर भी बात की: "टेक्नोलॉजी इंसानों से बहुत आगे निकल गई है। इसलिए लोगों को अफवाहों के चक्कर में आकर पलाश को जज नहीं करना चाहिए। उसके लिए दुआ करें।"


 

5. 🔮 निष्कर्ष: सेलिब्रिटी लाइफ और पब्लिक ट्रायल

 

स्मृति मंधाना और पलाश मुछाल का यह विवाद आधुनिक सेलिब्रिटी जीवन की जटिलताओं को दर्शाता है, जहाँ सार्वजनिक जीवन में आई किसी भी रुकावट को तुरंत 'पब्लिक ट्रायल' (सार्वजनिक मुकदमे) का सामना करना पड़ता है।

  • निजी बनाम सार्वजनिक: शादी स्थगन एक निजी और पारिवारिक मामला था, लेकिन सोशल मीडिया पर चीटिंग के आरोप और तस्वीरों को डिलीट करने जैसे छोटे कदम ने इसे एक बड़े सार्वजनिक विवाद में बदल दिया।

  • बॉडी लैंग्वेज का बोझ: पलाश मुछाल की एयरपोर्ट पर दिखाई गई 'मायूस' बॉडी लैंग्वेज को तुरंत उनके 'गिल्टी बिहेवियर' का प्रमाण मान लिया गया, यह दर्शाता है कि सेलिब्रिटी को हर समय अपने हाव-भाव को लेकर कितने दबाव में रहना पड़ता है।

  • अफवाहों की शक्ति: कजन नीति टाक की भावनात्मक अपील और पलाश की चुप्पी यह दर्शाती है कि सोशल मीडिया पर फैलाई गई अफवाहें किस हद तक किसी व्यक्ति के मानसिक स्वास्थ्य और सार्वजनिक छवि को प्रभावित कर सकती हैं।

  • भविष्य की अनिश्चितता: जब तक पलाश और स्मृति स्वयं अपने रिश्ते की स्थिति को लेकर कोई स्पष्ट बयान नहीं देते हैं, तब तक दोनों के भविष्य और स्थगित हुई शादी के बारे में अटकलों का बाजार गर्म ही रहेगा।

Tags

#SmritiMandhana #PalashMuchhal #WeddingPostponed #Controversy #CheatingRumours #Cricket #Bollywood #SocialMediaTroll
Popular post
“रात में पत्नी बन जाती है नागिन,” युवक ने लगाई प्रशासन से गुहार

लखनऊ। “रात में मेरी पत्नी का रूप बदल जाता है, वह नागिन बन जाती है,” — यह कहना है सीतापुर जिले के महमूदाबाद तहसील के लोधासा गांव निवासी मेराज का। उनका कहना है, “जैसे ही अंधेरा होता है, वह पहले अपने शरीर को अजीब तरीके से हिलाने लगती है, फिर अचानक नागिन का रूप ले लेती है और मेरे ऊपर आकर डसने लगती है। मैं डर से कांप उठता हूं, मदद के लिए चिल्लाता हूं, लेकिन वह रुकती नहीं।”   20 साल पहले पिता ने मार दिया था नाग   मेराज का आरोप है कि उसकी पत्नी नसीमन के पिता ने करीब 20 साल पहले एक नाग को मार डाला था। उसी घटना के बाद नागिन ने बदला लेने के लिए जन्म लिया और अब वह अपने साथी नाग की मौत का हिसाब चाहती है। मेराज का कहना है कि शादी के शुरुआती दिनों में उसे पत्नी के बारे में ऐसी कोई बात मालूम नहीं थी, लेकिन वक्त के साथ उसे शक होने लगा। रिश्तेदारों के कहने पर वह उसे लेकर बांसा भी गया।   वहां जैसे ही दरखास्त लिखने के दौरान उसने मेराज की उंगली पकड़ी, वह अजीब हरकतें करने लगी। गोल-गोल घूमते हुए उसने कहा कि उसके पिता ने नाग को मारा था और जब उसकी मां गर्भवती थी, उसी दौरान नागिन उसके गर्भ में आ गई। उसने 20 साल इंतजार किया और अब अपने सुहाग का बदला लेगी। मेराज ने बताया कि उसने पहले घरवालों को इसकी जानकारी दी, फिर झाड़-फूंक भी करवाई, लेकिन कोई फर्क नहीं पड़ा। आखिरकार उसने पुलिस और प्रशासन से सुरक्षा की गुहार लगाई है। उसका कहना है कि उसे अपनी जान का खतरा महसूस हो रहा है।   क्या कहते हैं डॉक्टर   मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि कई बार तनाव और मानसिक दबाव में इंसान अपनी पहचान को लेकर भ्रम में आ जाता है। King George's Medical University के मानसिक रोग विभाग के डॉक्टर आदर्श त्रिपाठी बताते हैं, “जब किसी पर बहुत ज्यादा तनाव हावी होता है तो वह खुद को किसी और रूप में महसूस करने लगता है और उसी के अनुसार व्यवहार करने लगता है।” उनका कहना है कि मेराज और नसीमन की मानसिक जांच और काउंसलिंग जरूरी है। वहीं, KGMU के मनोचिकित्सा विभाग के एडिशनल प्रोफेसर और Stanford University की ग्लोबल टॉप 2% सूची में शामिल डॉक्टर सुजीत कर का कहना है, “यह किसी गंभीर मानसिक विकार का संकेत हो सकता है। कई मामलों में ये परेशानी दिन में दबे रूप में रहती है और रात में इसका असर ज्यादा दिखता है। यदि समय पर इलाज न हो तो स्थिति और गंभीर हो सकती है।”

75 साल के बुजुर्ग ने की 35 साल की महिला से शादी‚ सुहागरात की अगली सुबह हुई मौत

जौनपुर। उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। यहां गौरा बादशाहपुर थाना क्षेत्र के कुछमुछ गांव में 75 वर्षीय बुजुर्ग संगरू राम ने 35 साल की महिला मनभावती से शादी की। शादी के अगले ही दिन उनकी अचानक मौत हो गई। इस घटना से पूरे गांव में सनसनी फैल गई और लोग तरह-तरह की चर्चाएं कर रहे हैं। पत्नी की एक साल पहले हो चुकी थी मौत   गांव के लोगों के मुताबिक, संगरू राम की पत्नी की करीब एक साल पहले मृत्यु हो गई थी। उनके कोई संतान नहीं थी और वे अकेले ही खेती-बाड़ी करते थे। संगरू राम के भाई और भतीजे दिल्ली में कारोबार करते हैं।   कोर्ट मैरिज और मंदिर में शादी   संगरू राम ने जलालपुर थाना क्षेत्र की रहने वाली 35 वर्षीय मनभावती से कोर्ट मैरिज की और बाद में मंदिर में शादी रचाई। मनभावती की भी यह दूसरी शादी थी और उसके पहले पति से तीन बच्चे (दो बेटियां और एक बेटा) हैं। मनभावती ने बताया कि, “शादी के बाद हम देर रात तक बातें करते रहे। सुबह उनकी तबीयत बिगड़ी और अस्पताल ले जाते समय डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।”   भतीजों ने जताई शंका, रोका अंतिम संस्कार   घटना के बाद संगरू राम के भतीजों ने अंतिम संस्कार रुकवा दिया है। उनका कहना है कि जब तक वे दिल्ली से नहीं पहुंचते, अंतिम संस्कार नहीं होगा। उन्होंने मामले को संदिग्ध मानते हुए पोस्टमार्टम कराने की मांग की है। अब देखना होगा कि पुलिस जांच में क्या निकलता है।

मेरठ में एनकाउंटर: गैंगरेप का 25 हजार का इनामी आरोपी पुलिस मुठभेड़ में ढेर

  Meerut: मेरठ पुलिस ने सोमवार सुबह एक बड़ी कार्रवाई करते हुए गैंगरेप के आरोपी और 25 हजार के इनामी अपराधी को मुठभेड़ में मार गिराया। यह मुठभेड़ Sarurpur थाना क्षेत्र के जंगलों के पास हुई। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने गिरफ्तारी से बचने के लिए पुलिस टीम पर फायरिंग की, जिसके बाद जवाबी कार्रवाई में उसे गोली लगी और वह मौके पर ही ढेर हो गया। मारे गए बदमाश की पहचान शहजाद उर्फ निक्की (34) के रूप में हुई है। उसके खिलाफ गैंगरेप, पॉक्सो एक्ट, छेड़छाड़ और चोरी जैसे 7 संगीन आपराधिक मुकदमे दर्ज थे।   🧾 इस तरह हुई मुठभेड़   पुलिस को सोमवार सुबह सूचना मिली कि शहजाद जंगलों की तरफ देखा गया है। सूचना पर Meerut Police की टीम मौके पर पहुंची और इलाके को घेर लिया। खुद को घिरता देख आरोपी ने पुलिस टीम पर गोलियां चला दीं। पुलिस ने भी जवाबी फायरिंग की, जिसमें गोली आरोपी के सीने में लगी। उसे अस्पताल ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।   👮 पुलिस का बयान   Vipin Tada (एसएसपी मेरठ) ने बताया, “शहजाद उर्फ निक्की मेरठ के बहसूमा थाना क्षेत्र के मोहम्मदपुर शकिस्त गांव का रहने वाला था। उस पर कई आपराधिक मुकदमे दर्ज थे। 7 साल की एक बच्ची से रेप के मामले में वह मुख्य आरोपी था। घटना के बाद से ही वह फरार चल रहा था और उसकी गिरफ्तारी पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित था।”   ⚖️ कई मामलों में था वांछित   पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, आरोपी पर गैंगरेप के अलावा पॉक्सो एक्ट के तहत भी मामला दर्ज था। इसके अलावा उस पर छेड़छाड़, चोरी और मारपीट जैसे अपराधों में भी मुकदमे दर्ज थे। पुलिस लंबे समय से उसकी तलाश में थी। 🚔 मुठभेड़ स्थल से बरामदगी   पुलिस को मौके से एक तमंचा, कारतूस और कुछ निजी सामान बरामद हुआ है। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए हैं। आरोपी का शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।   🛡️ पुलिस की सख्ती जारी   एसएसपी ने कहा कि जिले में सक्रिय अपराधियों पर लगातार कार्रवाई की जा रही है। फरार अपराधियों को या तो गिरफ्तार किया जाएगा या उनके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी।

मेरठ: कार सवार युवक से बीच सड़क पर नाक रगड़वाने वाला BJP नेता गिरफ्तार

मेरठ। सत्ता की हनक में गाली गलौच करते हुए कार सवार युवक से बीच सड़क नाक रगड़वाने वाले छुटभैया नेता (भाजपा किसान मोर्चा के जिला उपाध्यक्ष) विकुल चपराणा को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी के खिलाफ मेडिकल थाने में केस दर्ज किया गया है। विकुल  उर्जा राज्य मंत्री डॉक्टर सोमेंद्र तोमर का करीबी है। माना जा रहा है कि घटना का वीडियो वायरल हाेने के बाद मजबूरी में मेरठ पुलिस को एक्शन लेना पड़ा। बता दें कि विकुल चपराणा की दबंगई का वीडियो सामने आया है‚ जिसमें वह कार सवार दो युवको के साथ बेहद क्रूर बरताव करता हुआ नजर आ रहा है। उर्जा राज्य मंत्री डॉक्टर सोमेंद्र तोमर के दफ्तर के नीचे कार पार्किंग विवाद में विकुल ने अपने साथियों के साथ दो युवकों को घेर लिया था। धमकाया और उनकी कार के शीशे तोड़ डाले। वीडियो में एक युवक हाथ जोड़कर माफी मांगता और सड़क पर सिर झुकाकर नाक रगड़ता दिख रहा है।  पास खड़ा युवक चिल्लाता है...हाथ जोड़कर बोल, सोमेंद्र तोमर तेरा बाप है...गलती हो गई। इस दौरान पुलिसवाले भी मौजूद थे, लेकिन उन्होंने आरोपियों को रोका नहीं। घटना 19 अक्टूबर की रात 10 बजे मेडिकल थाना क्षेत्र के तेजगढ़ी इलाके में हुई, लेकिन वीडियो आज सामने आया। इसके बाद पुलिस ने जांच शुरू की। पीड़ित युवकों के नाम सिद्धार्थ पॉल निवासी प्रभात नगर और सत्यम रस्तोगी निवासी शास्त्री नगर डी ब्लॉक है। कार के आगे-पीछे के शीशे भी तोड़े प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया, 'राज्यमंत्री के ऑफिस के नीचे बलेनो कार खड़ी थी। उसमें दो युवक आगे बैठे थे। एक युवक ड्राइविंग सीट पर था, जबकि दूसरा बगल की सीट पर बैठा था। बाहर काफी भीड़ लगी थी। लोग कार को घेरे हुए खड़े थे। पुलिस भी चुपचाप खड़ी थी। कार के अंदर बैठे युवकों पर बाहर के युवक गाली देकर डांट रहे थे। अंदर से युवक माफी मांग रहे थे। तभी किसी ने कार के पीछे के शीशे पर लाठी मारी और कांच तोड़ दिया। इसके बाद एक युवक ने कार के फ्रंट शीशे को मुक्का मारकर तोड़ दिया। तभी भीड़ से दो पुलिसवाले आए और कार के अंदर पीछे की सीट पर जाकर बैठ गए। बाहर खड़े विकुल चपराणा और अन्य लोग इन दोनों युवकों को धमकाते रहे। बाद में विंडो सीट पर बैठा युवक बाहर आया, उससे माफी मंगवाई गई। 19 सेकेंड में क्या दिख रहा, जानिए वीडियो में दिख रहा है कि सड़क पर एक गाड़ी खड़ी है। गाड़ी के साथ एक आदमी मौजूद है, जो हाथ जोड़कर माफी मांगता है। सड़क पर सिर झुकाता और नाक रगड़ता है। आसपास सिक्योरिटी गार्ड भी खड़े हैं। पास खड़ा एक युवक बहुत गुस्से में है, जो बार-बार राज्यमंत्री सोमेंद्र तोमर का नाम लेकर युवक को गालियां देता और चिल्लाता दिख रहा है। युवक कहता है...हाथ जोड़कर कह, सोमेंद्र तोमर गलती हो गई... तेरा बाप है सोमेंद्र तोमर... तेरी... सोमेंद्र तोमर भइया है मेरा, चल निकल उधर जा...   पूरे मामले में SP ने कहा है कि- जांच के बाद सख्त एक्शन लेंगे इस घटना ने पुलिस की भूमिका पर भी सवाल उठाए हैं। आरोप है कि पुलिस मूकदर्शक बनी रही और आरोपियों को रोका तक नहीं। एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह का कहना है कि वायरल वीडियो के आधार पर मामले की जांच की जा रही है। जांच के बाद सख्त कार्रवाई की जाएगी।........... इ

दीवाली पर जुगाड़ करके बनाई कार्बाइड गन ने छीनी 14 बच्चों की आँखों की रोशनी

भोपाल। भोपाल में चलन में आई ‘जुगाड़ बंदूक’ ने दीवाली के जश्न को मातम में बदल दिया। महज 150 रुपए में मिलने वाली यह खतरनाक गन अब तक 14 बच्चों की आँखों की रोशनी छीन चुकी है और शहरभर में 200 से ज्यादा लोग इसके शिकार हो चुके हैं। अस्पतालों में ऐसे मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है, जिनकी आँखों में गंभीर चोट आई है। डॉक्टरों के मुताबिक इस गन से निकलने वाली चिंगारी और धुएं में मौजूद केमिकल्स आँखों की नाजुक झिल्ली को जला देते हैं, जिससे स्थायी रूप से दृष्टि चली जाती है।   कार्बाइड और पानी की रासायनिक प्रतिक्रिया से यह गन आवाज और रोशनी पैदा करती है। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो देखकर बच्चों ने इसे खरीदा और खेल-खेल में खुद को नुकसान पहुंचा बैठे। एम्स भोपाल और हमीदिया अस्पताल में अब तक 14 से ज्यादा बच्चों की आँखों की रोशनी चली गई है। वहीं 80 से अधिक बच्चों को गंभीर चोटें आई हैं। पुलिस के अनुसार इस गन का इस्तेमाल पूरी तरह प्रतिबंधित किया जाएगा।   कैल्शियम कार्बाइड गन – कैसे करती है काम   यह गन प्लास्टिक, एल्यूमिनियम पाइप और आतिशबाजी के उपकरणों से बनाई जाती है। इसके अंदर कार्बाइड डाला जाता है और पानी की कुछ बूंदें मिलाने पर गैस बनती है, जो विस्फोटक आवाज और तेज़ चमक पैदा करती है। यह गैस बेहद खतरनाक होती है और आँखों, त्वचा व श्वसन तंत्र के लिए हानिकारक है। विशेषज्ञों के अनुसार, इस गन के प्रयोग से न केवल आँखों की रोशनी जा सकती है बल्कि गंभीर जलन और दाग भी हो सकते हैं।   42 कार्बाइड गन के साथ युवक गिरफ्तार   शाहजहानाबाद पुलिस ने सड़क किनारे गन बेचते हुए एक युवक को गिरफ्तार किया है। उसके पास से 42 कार्बाइड गन जब्त की गईं। पूछताछ में युवक ने बताया कि उसने सोशल मीडिया पर यह गन बनाने का तरीका देखा और दीवाली पर बेचने के लिए बड़ी संख्या में तैयार कर लीं। पुलिस ने युवक के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है और इस गन की बिक्री पर सख्त निगरानी के आदेश जारी किए हैं।

मनोरंजन

View more
दावा- सलमान की फिल्म मातृभूमि की रिलीज डेट टली
सलमान खान की फिल्म 'मातृभूमि' की रिलीज डेट टली; विलेन प्रशांत तमांग के निधन के बाद फंसी 'बैटल ऑफ गलवान'।

सलमान खान की 'मातृभूमि' की रिलीज टली: विलेन प्रशांत तमांग के निधन और स्क्रिप्ट बदलाव से फंसी फिल्म; अब स्वतंत्रता दिवस पर दस्तक की उम्मीद मुंबई | 21 मार्च 2026 बॉलीवुड के सुल्तान सलमान खान के फैंस के लिए एक निराशाजनक खबर सामने आ रही है। सलमान की बहुप्रतीक्षित फिल्म 'मातृभूमि: मे वॉर रेस्ट इन पीस' (पूर्व में 'बैटल ऑफ गलवान') की रिलीज डेट फिलहाल टाल दी गई है। इंडिया टुडे की एक ताजा रिपोर्ट के अनुसार, फिल्म की रिलीज में देरी की मुख्य वजह स्क्रिप्ट में अचानक किए गए बदलाव और फिल्म के मुख्य विलेन का किरदार निभा रहे एक्टर-सिंगर प्रशांत तमांग का असामयिक निधन है। यहाँ फिल्म की शूटिंग में आ रही बाधाओं, कास्टिंग चुनौतियों और रिलीज के नए शेड्यूल की विस्तृत रिपोर्ट दी गई है: 1. प्रशांत तमांग का निधन: टीम के सामने 'लॉजिस्टिक' संकट 'इंडियन आइडल 3' के विजेता और अभिनेता प्रशांत तमांग इस फिल्म में एक शक्तिशाली विलेन की भूमिका निभा रहे थे। अधूरे सीन: सूत्र के मुताबिक, प्रशांत ने कई अहम दृश्यों की शूटिंग पूरी कर ली थी, लेकिन जनवरी 2026 में उनके निधन के कारण कुछ महत्वपूर्ण एक्शन सीक्वेंस और क्लोज-अप शॉट्स बाकी रह गए। रीशूट की चुनौती: मेकर्स के लिए सबसे बड़ी दुविधा यह है कि क्या उन दृश्यों को किसी अन्य एक्टर के साथ दोबारा शूट किया जाए या तकनीकी मदद ली जाए। एक्शन सीक्वेंस बड़े स्तर पर फिल्माए जाने थे, जिन्हें दोबारा शूट करना आर्थिक रूप से काफी महंगा साबित होगा। 2. AI और VFX का सहारा ले सकते हैं मेकर्स प्रशांत तमांग के प्रति सम्मान और फिल्म की निरंतरता (Continuity) बनाए रखने के लिए टीम दो विकल्पों पर विचार कर रही है: फेस रिप्लेसमेंट: प्रशांत का चेहरा बाकी बचे दृश्यों में AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) और VFX के जरिए जोड़ा जा सकता है। इसके लिए मेकर्स को प्रशांत के परिवार से कानूनी अनुमति लेनी होगी। न्यू कास्टिंग: यदि तकनीक काम नहीं करती, तो किसी नए चेहरे को कास्ट कर पूरी विलेन वाली भूमिका दोबारा शूट की जा सकती है, जिससे फिल्म का बजट काफी बढ़ जाएगा। 3. सलमान खान की डेट्स और लुक का पेच फिल्म की देरी का एक और बड़ा कारण खुद 'भाईजान' का बिजी शेड्यूल है: उपलब्धता: सलमान खान फिलहाल अपने अन्य प्रोजेक्ट्स (जैसे 'सिकंदर' और 'टाइगर वर्सेस पठान') में व्यस्त हैं, जिसके कारण 'मातृभूमि' के रीशूट के लिए तुरंत डेट्स मिलना मुश्किल है। लुक की समस्या: फिल्म की शूटिंग के दौरान सलमान का एक विशिष्ट लुक था। समय बीतने के साथ लुक की निरंतरता बनाए रखना टीम के लिए एक बड़ी चुनौती बन गया है। 📊 'मातृभूमि' फिल्म प्रोफाइल: एक नजर में श्रेणी विवरण नया नाम मातृभूमि: मे वॉर रेस्ट इन पीस (Matrubhoomi: May War Rest In Peace) पुराना नाम बैटल ऑफ गलवान (Battle of Galwan) मुख्य कलाकार सलमान खान, चित्रांगदा सिंह निर्देशक अपूर्व लाखिया निर्माता सलमा खान (सलमान खान फिल्म्स) नई संभावित रिलीज 15 अगस्त 2026 (स्वतंत्रता दिवस) 4. नाम बदलने के पीछे की कहानी फिल्म का नाम 'बैटल ऑफ गलवान' से बदलकर 'मातृभूमि' करने के पीछे मेकर्स की एक खास सोच है। सूत्रों के अनुसार, यह फिल्म केवल युद्ध की वीरता नहीं, बल्कि युद्ध के बीच दबी इंसानियत और शांति के संदेश को भी दर्शाती है। टाइटल में 'मे वॉर रेस्ट इन पीस' जोड़ना इस जज्बात को और गहरा बनाता है। 5. कब होगी रिलीज? पहले यह फिल्म 17 अप्रैल 2026 को रिलीज होने वाली थी। हालांकि, पोस्ट-प्रोडक्शन और रीशूट की जरूरतों को देखते हुए अब इसे स्वतंत्रता दिवस (15 अगस्त) के मौके पर रिलीज करने की योजना बनाई जा रही है। फिल्म के भविष्य पर अंतिम फैसला इस महीने के अंत तक ले लिया जाएगा।

रवि चौहान मार्च 21, 2026 0
चेक बाउंस केस में राजपाल यादव को राहत

राजपाल यादव चेक बाउंस केस अपडेट: दिल्ली हाई कोर्ट ने जेल भेजने पर लगाई रोक; एक्टर ने जमा किए 25 लाख, 1 अप्रैल को आखिरी फैसला।

मिडिल ईस्ट तनाव के बीच कुवैत से भारत लौटीं उर्वशी

Urvashi Rautela News: मिडिल ईस्ट जंग के बीच कुवैत से सुरक्षित लौटीं उर्वशी रौतेला; इंस्टाग्राम पर साझा किया अपना खौफ।

सुप्रीम कोर्ट की एल्विश यादव को फटकार

Elvish Yadav Snake Venom Case: सुप्रीम कोर्ट ने एल्विश को लगाई फटकार; कहा- "प्रसिद्ध होने का मतलब कानून से ऊपर होना नहीं"।

सलीम खान की रिपोर्ट मीडिया को देने से सलमान नाराज
Salim Khan Health: सलमान खान ने पिता की मेडिकल अपडेट पर लगाई रोक; रणवीर सिंह और आमिर खान पहुंचे लीलावती अस्पताल।

सलीम खान की सेहत पर 'प्राइवेसी' का पहरा: सलमान खान ने अस्पताल को मेडिकल अपडेट देने से रोका; रणवीर सिंह और शिल्पा शेट्टी पहुंचे लीलावती मुंबई | 20 फरवरी 2026 हिंदी सिनेमा के दिग्गज पटकथा लेखक सलीम खान (90) की सेहत को लेकर खान परिवार ने अब एक बड़ा फैसला लिया है। मंगलवार को ब्रेन हैमरेज के बाद लीलावती अस्पताल में भर्ती सलीम खान की स्थिति पर अस्पताल द्वारा दिए जा रहे सार्वजनिक बयानों से सलमान खान नाराज बताए जा रहे हैं। सलमान ने अस्पताल प्रबंधन और डॉक्टरों को सख्त निर्देश दिए हैं कि अब से उनके पिता की सेहत से जुड़ी कोई भी जानकारी मीडिया या सार्वजनिक तौर पर साझा न की जाए। यहाँ सलीम खान के स्वास्थ्य से जुड़ी वर्तमान स्थिति और परिवार के रुख का विस्तृत विवरण दिया गया है: 1. सेहत अब निजी मामला: सलमान खान का सख्त निर्देश इंडियन एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट के अनुसार, सलमान खान और उनका परिवार अस्पताल के 'पब्लिक स्टेटमेंट' से खुश नहीं है। गोपनीयता की मांग: परिवार के करीबी सूत्रों का कहना है कि सेहत एक निजी विषय है। परिवार चाहता है कि सलीम खान की रिकवरी शांतिपूर्ण तरीके से हो और मीडिया में उनकी मेडिकल डिटेल्स पर बेवजह की चर्चा या अटकलें न लगाई जाएं। डॉक्टरों को हिदायत: सलमान ने डॉक्टरों से साफ कह दिया है कि अपडेट देने का जिम्मा परिवार पर छोड़ दिया जाए। अस्पताल अब कोई बुलेटिन जारी नहीं करेगा। रिकवरी की स्थिति: हालांकि अपडेट बंद कर दिए गए हैं, लेकिन एक्ट्रेस चित्रांगदा सिंह (जो सलमान के साथ फिल्म 'गलवान' में काम कर रही हैं) ने बताया कि सलीम खान की हालत में पहले से काफी सुधार है। 2. अस्पताल में सितारों का जमावड़ा: चौथे दिन भी पहुंचे सलमान सलीम खान की तबीयत का हाल जानने के लिए बॉलीवुड के दिग्गजों का आना जारी है: रणवीर सिंह की एंट्री: लॉरेंस बिश्नोई गैंग से मिल रही धमकियों के बीच भारी सुरक्षा के बीच शुक्रवार को रणवीर सिंह लीलावती अस्पताल पहुंचे। आमिर खान और शिल्पा शेट्टी: गुरुवार को आमिर खान अपनी दोस्त गौरी स्प्रैट के साथ पहुंचे थे, वहीं शिल्पा शेट्टी भी अपनी मां सुनंदा शेट्टी के साथ सलीम साहब को देखने पहुंचीं। परिवार की मौजूदगी: सलमान खान पिछले चार दिनों से लगातार अस्पताल के चक्कर लगा रहे हैं। उनके अलावा अरबाज खान, पत्नी हेलन और खान परिवार की तीसरी पीढ़ी (अरहान और अयान) भी दादा का हाल जानने पहुंचे। 3. मेडिकल बैकग्राउंड: क्या हुआ था सलीम खान को? सलीम खान को मंगलवार सुबह 8:30 बजे इमरजेंसी में लाया गया था। ब्रेन हैमरेज और DSA: डॉक्टर जलील पार्कर ने पहले जानकारी दी थी कि उनकी डिजिटल सब्स्ट्रैक्शन एंजियोग्राफी (DSA) की गई है। यह एक उच्च तकनीक वाला एक्स-रे है जिससे मस्तिष्क की नसों के ब्लॉकेज को साफ देखा जा सकता है। स्थिर हालत: उन्हें अभी कुछ और दिन न्यूरोलॉजिस्ट और कार्डियोलॉजिस्ट की विशेष टीम की निगरानी में रखा जाएगा। परिवार ने अब पुष्टि की है कि वे रिकवर कर रहे हैं। 📊 सलीम खान: 'सलीम-जावेद' की सुनहरी विरासत कालखंड महत्वपूर्ण पड़ाव 1960 का दशक 'प्रिंस सलीम' नाम से एक्टिंग शुरू की। पहली फिल्म: 'बारात'। लेखन की शुरुआत एक्टिंग छोड़कर स्क्रिप्ट राइटिंग को अपनी असली ताकत बनाया। सलीम-जावेद जोड़ी 'जंजीर', 'दीवार', 'शोले' और 'डॉन' जैसी कालजयी फिल्में लिखीं। नया मुकाम पटकथा लेखकों को इंडस्ट्री में 'स्टार स्टेटस' और सम्मान दिलाया। एंग्री यंग मैन अमिताभ बच्चन की ऐतिहासिक छवि गढ़ने में मुख्य भूमिका निभाई। 4. निजी जीवन: रिश्तों की मिसाल 90 वर्षीय सलीम खान का निजी जीवन भी उनकी फिल्मों की तरह ही प्रेरणादायी रहा है: दो पत्नियां, एक परिवार: उन्होंने 1964 में सलमा खान से शादी की और फिर 1981 में एक्ट्रेस हेलन से। खान परिवार की सबसे बड़ी खूबी यह है कि दोनों पत्नियां और सभी बच्चे (सलमान, अरबाज, सोहेल, अलवीरा और अर्पिता) एक ही छत के नीचे या एक साथ मजबूती से खड़े रहते हैं। स्टार संताने: सलमान खान आज देश के सबसे बड़े सुपरस्टार हैं, वहीं परिवार के अन्य सदस्य भी फिल्म निर्माण और अभिनय में सक्रिय हैं।

रवि चौहान फ़रवरी 20, 2026 0
रिहाई के बाद राजपाल यादव ने लगाई काम की गुहार

राजपाल यादव को मिली 30 दिन की जमानत; जेल से बाहर आते ही काम की तलाश, बोले- "जो फीस मिलेगी मंजूर है"।

सलमान के पिता सलीम खान को ब्रेन हेमरेज

Salim Khan Health Update: दिग्गज लेखक सलीम खान को ब्रेन हेमरेज; लीलावती अस्पताल में भर्ती, सलमान खान और जावेद अख्तर पहुंचे।

राजपाल यादव चेक बाउंस केस

दिल्ली हाईकोर्ट ने राजपाल यादव को नहीं दी राहत; कोर्ट बोला- "वादा खिलाफी की वजह से गए जेल"।

जेल में बंद राजपाल यादव के सपोर्ट में उतरी इंडस्ट्री
सलमान खान, अजय देवगन और सोनू सूद ने की राजपाल यादव की मदद; ₹9 करोड़ के केस में फंसी 'छोटा पंडित' की जान।

राजपाल यादव की आर्थिक तंगी और जेल: सलमान, अजय और सोनू सूद समेत पूरी फिल्म इंडस्ट्री आई साथ; ₹9 करोड़ के चेक बाउंस केस में फंसे 'छोटा पंडित' को बचाने की मुहिम मुंबई/नई दिल्ली | 11 फरवरी 2026 भारतीय सिनेमा के सबसे चहेते कॉमेडियन और अभिनेता राजपाल यादव इन दिनों अपने जीवन के सबसे कठिन दौर से गुजर रहे हैं। साल 2010 में शुरू हुआ एक कर्ज का विवाद अब उनके लिए तिहाड़ जेल की सलाखों तक पहुंच गया है। ₹9 करोड़ के चेक बाउंस मामले में सरेंडर करने के बाद राजपाल यादव जेल में बंद हैं, लेकिन उनके इस संकट की घड़ी में बॉलीवुड के 'सुपरस्टार्स' और राजनेता एकजुट होकर उनके साथ खड़े हो गए हैं। यहाँ राजपाल यादव के केस, उनकी जेल यात्रा और फिल्म इंडस्ट्री की ओर से मिल रही महा-मदद का विस्तृत विवरण दिया गया है: 1. इंडस्ट्री का 'मिशन राजपाल': बड़े सितारों ने खोले मदद के हाथ राजपाल यादव के मैनेजर 'गोल्डी' ने बुधवार को मीडिया से बातचीत में खुलासा किया कि जैसे ही राजपाल की आर्थिक तंगी की खबर फैली, बॉलीवुड के दिग्गजों ने फोन और आर्थिक सहायता भेजनी शुरू कर दी। सलमान खान और अजय देवगन: बॉलीवुड के 'भाईजान' सलमान खान और 'सिंघम' अजय देवगन ने राजपाल यादव के परिवार से संपर्क किया है और बड़ी आर्थिक सहायता प्रदान की है। धवन परिवार का साथ: प्रसिद्ध निर्देशक डेविड धवन और अभिनेता वरुण धवन ने भी इस मुश्किल समय में हाथ आगे बढ़ाया है। डेविड धवन के साथ राजपाल ने दर्जनों हिट फिल्में दी हैं। सोनू सूद की पहल: सोनू सूद ने सबसे पहले आवाज उठाई। उन्होंने स्पष्ट कहा कि यह "दान नहीं, बल्कि उनके हुनर का सम्मान" है। उन्होंने राजपाल को अपनी अगली फिल्म के लिए साइनिंग अमाउंट भी भेज दिया है। सोनू का बयान: "कभी-कभी वक्त कठोर हो जाता है, टैलेंट नहीं। राजपाल अकेले नहीं हैं, पूरी इंडस्ट्री उनका परिवार है।" 2. फिल्म फेडरेशन और साथी कलाकारों की अपील पश्चिमी भारत सिने कर्मचारी महासंघ (FWICE) ने आधिकारिक प्रेस रिलीज जारी कर सभी निर्माताओं से मदद की गुहार लगाई है: FWICE की दलील: "राजपाल यादव ने दशकों तक लाखों लोगों को हंसाया है। आज वे जिन हालात में हैं, वह उनके चरित्र की कमी नहीं बल्कि प्रतिकूल परिस्थितियों का परिणाम है। यह हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है कि हम अपने साथी को अकेला न छोड़ें।" गुरमीत चौधरी का समर्थन: टीवी और फिल्म एक्टर गुरमीत चौधरी ने भी सोशल मीडिया पर पोस्ट लिखकर इमोशनल अपील की। उन्होंने कहा कि एक कलाकार के रूप में वे अपनी क्षमतानुसार हर संभव मदद कर रहे हैं। 3. राजनीति और उद्योग जगत से मिली 'महारहत' केवल फिल्मी सितारे ही नहीं, बल्कि राजनीतिज्ञ और म्यूजिक इंडस्ट्री के बड़े नाम भी इस मिशन में शामिल हो गए हैं: तेज प्रताप यादव की मदद: बिहार के राजनेता तेज प्रताप यादव ने अपने संगठन JJD (जन शक्ति जनता दल) की ओर से ₹11,00,000 (ग्यारह लाख रुपए) की सहायता राशि की घोषणा की है। उन्होंने राजपाल यादव को अपना बड़ा भाई बताया। राव इंद्रजीत सिंह (जेम्स टून म्यूजिक): ओनर राव इंद्रजीत सिंह यादव ने सबसे बड़ी व्यक्तिगत मदद करते हुए ₹1.11 करोड़ की सहायता दी है। उन्होंने देशवासियों से भी इस कलाकार को बचाने की अपील की। 📊 राजपाल यादव केस: एक नजर में विवाद का इतिहास घटना वर्ष विवरण कर्ज की शुरुआत 2010 फिल्म 'अता पता लापता' के लिए ₹5 करोड़ का लोन लिया। फिल्म का परिणाम 2012 फिल्म फ्लॉप हुई, राजपाल की आर्थिक स्थिति बिगड़ी। कानूनी विवाद 2013-15 चेक बाउंस हुए, मुरली प्रोजेक्ट्स ने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। दोषी करार 2018 कड़कड़डूमा कोर्ट ने 6 महीने की सजा सुनाई। वर्तमान स्थिति 2026 ब्याज सहित कुल देनदारी ₹9 करोड़ पहुंची; राजपाल ने तिहाड़ में सरेंडर किया। 4. सरेंडर से पहले राजपाल का दर्द: "कोई दोस्त नहीं, मैं अकेला हूँ" सरेंडर करने से ठीक पहले राजपाल यादव ने जो बयान दिया, उसने प्रशंसकों की आंखें नम कर दी थीं। उन्होंने कहा था, "मेरे पास पैसे नहीं हैं। कोई उपाय नहीं बचा। यहां हम सब अकेले हैं, कोई दोस्त काम नहीं आता। मुझे खुद ही इसका सामना करना होगा।" हालांकि, जेल जाने के बाद जिस तरह से इंडस्ट्री उनके पीछे खड़ी हुई है, उसने राजपाल की इस बात को गलत साबित कर दिया है कि वे 'अकेले' हैं। 5. जमानत की उम्मीद: कल हो सकते हैं रिहा? मैनेजर गोल्डी ने संकेत दिया है कि राजपाल के वकील सक्रिय हैं और जमानत की अर्जी दाखिल की जा चुकी है: कल होगी सुनवाई: गुरुवार को जमानत याचिका पर सुनवाई होनी है। उम्मीद जताई जा रही है कि वे कल शाम तक बाहर आ जाएंगे। पारिवारिक कार्यक्रम: फरवरी के अंत में राजपाल के घर पर कुछ मांगलिक कार्य तय हैं, जिसके चलते परिवार उन्हें जल्द से जल्द घर देखना चाहता है।

रवि चौहान फ़रवरी 11, 2026 0
फिल्म ‘घूसखोर पंडत’ का टीजर हटाया गया

नीरज पांडे की फिल्म 'घूसखोर पंडत' पर रोक की मांग; मनोज बाजपेयी ने तोड़ी चुप्पी; नेटफ्लिक्स ने हटाया टीजर।

₹230 करोड़ से ज्यादा हुई बॉर्डर 2 की कमाई

Border 2 Box Office Collection Day 8: सनी देओल की 'बॉर्डर 2' ने 8 दिनों में कमाए 300 करोड़; मनाली में मना सफलता का जश्न।

फिल्म 'हैप्पी पटेल' की स्क्रीनिंग; गर्लफ्रेंड गौरी संग पहुंचे आमिर

आमिर खान-गौरी स्प्रैट और इमरान खान-लेखा वॉशिंगटन ने बटोरी सुर्खियां; सुनील ग्रोवर का 'आमिर अवतार' वायरल।

0 Comments

Top week

गिल को क्रिकेटर ऑफ द ईयर अवॉर्ड देगा BCCI
खेल

BCCI Awards 2026: शुभमन गिल बनेंगे क्रिकेटर ऑफ द ईयर; राहुल द्रविड़ और मिताली राज को लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड।

रवि चौहान मार्च 12, 2026 0